
शौर्य और हरियाली का संगम: कारगिल शहीदों के नाम पर इंदौर के स्कूलों में ‘शौर्य नमन फाउंडेशन’ का हरित अभियान
A confluence of valor and greenery: Shaurya Naman Foundation's green campaign in Indore schools in the name of Kargil martyrs.
इंदौर-
डीपीएस राऊ से हुआ शुभारंभ; कैप्टन सौरभ कालिया और इन 5 शहीदों के नाम लगे वृक्ष, छात्र बने ‘वृक्ष मित्र’
इंदौर: देश के वीर सपूतों को एक अनूठे और चिरस्थायी तरीके से श्रद्धांजलि देने के लिए, ‘शौर्य नमन फाउंडेशन’ ने इंदौर जिले में कारगिल शहीदों के नाम पर एक विशाल वृक्षारोपण अभियान का श्रीगणेश किया है। इस अभिनव पहल का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ युवा पीढ़ी में राष्ट्रप्रेम और बलिदान की भावना को जागृत करना है।
डीपीएस राऊ से हुई शुरुआत

इस पुनीत प्रकल्प ‘शौर्य नमन वृक्षों की छाँव, शहीदों के नाम पर हरित अभियान’ की शुरुआत आज डीपीएस (दिल्ली पब्लिक स्कूल), राऊ से की गई। अभियान के तहत, वीरगति को प्राप्त हुए कैप्टन सौरभ कालिया और उनके साथ बलिदान देने वाले पांच अन्य सैनिकों – सिपाही अर्जुन राम बासवाना, सिपाही भंवर लाल बागरिया, सिपाही भिका राम, सिपाही मूलाराम और सिपाही नरेश सिंह सिनसिनवार के सम्मान में कुल छह वृक्ष लगाए गए।
वृक्षारोपण कार्यक्रम में स्कूल प्रबंधन के साथ-साथ छात्रों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सभी ने प्रत्येक वृक्ष पर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीद को याद किया और भावनात्मक रूप से यह संकल्प लिया कि इन रोपे गए वृक्षों की देखभाल करना उनकी नैतिक ज़िम्मेदारी है, ताकि ये वृक्ष शहीदों की स्मृति को हमेशा हरा-भरा रखें। संस्था द्वारा इन प्रतिबद्ध छात्रों को ‘वृक्ष मित्र’ बनाकर सम्मानित किया गया।
हर वृक्ष, एक शौर्य गाथा
संस्थापक अध्यक्ष रमेश चंद्र शर्मा ने बताया कि यह अभियान केवल वृक्षारोपण तक सीमित नहीं है। हर वृक्ष के साथ उस शहीद की पूरी जीवनी और शौर्य गाथा अंकित करती हुई एक पट्टिका (प्लाक) लगाई जा रही है। उनका मानना है कि इससे वृक्ष की महत्ता समझने में सहायता मिलेगी और हर राहगीर को हमारे वीरों के सर्वोच्च बलिदान की याद दिलाती रहेगी।
शर्मा ने आगे कहा, “यह प्रकल्प इंदौर जिले के स्कूल /कॉलेजों में सभी कारगिल शहीदों के नाम पर वृक्षारोपण कर, उनके बलिदान को विश्व पटल पर वृक्ष के रूप में स्थापित करने का एक प्रयास है। शहीदों का परिवार हमारा परिवार है और उनकी शहादत को नमन करना हमारा परम कर्तव्य है।”
फाउंडेशन इस अभियान के माध्यम से छात्रों को करियर मार्गदर्शन भी प्रदान कर रहा है, सैनिक स्कूल प्रवेश परीक्षा, अग्निवीर, nda,cds व अन्य सेवाओं जैसी जानकारी के साथ ही उन्हें वीरों की शौर्य गाथाएं सुनाकर शहीदों के बलिदान के प्रति नमन करने का कार्य भी कर रहा है। यह पहल आने वाली पीढ़ियों को बलिदान और प्रकृति के बीच का अटूट संबंध सिखाएगी।
इस अवसर पर संस्था के अन्य पदाधिकारी विनय दीक्षित , शिवेंद्र रावत ,अक्षय तरहालकर व धीरज परिहार उपस्थित रहे I
Shaurya Naman Foundation’s Green Tribute to Kargil Martyrs: Trees of Sacrifice, Roots of Inspiration
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